Sabhi Conditions Me Happy Kaise Rahen?

Sabhi Conditions Me Happy Kaise Rahen?


sabhi conditions me happy kaise rahen, how to be happy in every condition, how to become happy, always be happy, key of happy life, how to spend happy life, always be happy, satisfaction is key of happy life

sabhi conditions me happy kaise rahen

हर हाल में खुश कैसे रहें?


किसी शायर ने कहा है कि “कभी किसी को मुकम्मल जहाँ नहीं मिलता, कहीं जमीं तो कहीं आसमां नहीं मिलता”. इसी प्रकार से मानव का जीवन हैं जिसमे असीमित इच्छाएँ होती हैं और जिनका अंत नहीं होता है.

एक के समाप्त होते ही दूसरी उसके मन मस्तिष्क में जगह बनानें लगती हैं तथा वह इच्छाओं का गुलाम बनता चला जाता है.

अपनी इच्छाओं को पूर्ण करनें में वह इतना डूब जाता है कि उन्हें पूर्ण करनें के लिए अपनाए जाने वाले अच्छे बुरे तरीकों के बारे में भी सोच नहीं पाता है परिणामस्वरूप कई विपत्तियों और दुखो से घिर जाता है.

Satisfaction is the secret of happy life


इस दौरान वह भूल जाता हैं कि संतुष्ट और प्रसन्न व्यक्ति ही लम्बी उम्र जी पाता है तथा प्रसन्न रहनें से सब कष्ट दूर हो जाते हैं. अपनी इच्छाओं को पूर्ण करनें की धुन में इतना मगन हो जाता है कि उसका वर्तमान कहीं लुप्त हो जाता है.

इसलिए वर्तमान समय की प्रसन्नताओं को हमेशा भोगना चाहिए ना कि भावी समय के लिए चिंतित होकर विचलित होना चाहिए. ऐसा न करनें से वर्तमान समय की प्राप्त हुई खुशी को भी वह दुख में बदल देता है.

किसी भी कार्य को करने के लिए हमेशा प्रयासरत रहें लेकिन उस प्रयास में हम किसी भी व्यक्ति को कष्ट न पहुचाएं.

व्यक्ति को अपने मन की अतृप्त भावनाओं जैसे आज ये नहीं हुआ, ये पाना है, वो करना है आदि को खत्म करना आवश्यक होगा तभी वह संतोषी बनेगा और जीवन आनंदपूर्वक जी पाएगा.

Happiness is key treatment of all disease


संतोष हर व्यक्ति के अंतर्मन में निवास करता हैं तथा जिस दिन वह उसे पहचान लेता है उसी दिन वह सभी लोभ लालच से दूर होकर सबसे प्रेम करना सीख जाता है और प्रसन्न रहना शुरू कर देता है.

प्रसन्न व्यक्ति के आस पास का माहौल भी खुशनुमा बना रहता है जो कि उससे संबद्ध हर व्यक्ति को प्रभावित करता है.


प्रसन्नता वो धन है जिसे कोई भी चुरा नहीं सकता है और न कोई छीन सकता है. प्रसन्न मन ही स्वस्थ शरीर की कुंजी होता है और अगर ये कुंजी कही खों जाती है तो इसका हमारे स्वास्थ्य पर भी प्रतिकूल प्रभाव पड़ता है.

मुस्कुरानें और खुश रहनें पर सारा संसार अपना सा लगता है तथा शरीर हर तरह की व्याधियों से मुक्त रहता है. प्रसन्न चेहरे पर एक अजीब तरीके का आकर्षण होता है जो सभी को अपनीं तरफ आकर्षित करता है.

मुस्कुराओगे तो सारा संसार तुम्हारे साथ है. खुशियाँ अपने दोनों हाथों से लुटाओगे तो वर्तमान नए नए रंगों से भर जाएगा.

इसलिए ये ना सोचो कि मुझे क्या क्या नहीं मिला है बल्कि ये सोचो कि मुझे जो भी मिला है वो बहुत है. कमियां न देखो, ये देखो कि भगवान ने आपको लाखों करोड़ों लोगो से बेहतर जीवन दिया है. भगवान का शुक्रिया अदा करके प्रसन्न रहो.

About Author

Ramesh Sharma
M Pharm, MSc (Computer Science), MA (History), PGDCA, CHMS

Connect with us

Follow Us on Twitter
Follow Us on Facebook
Subscribe Our YouTube Travel Channel
Subscribe Our YouTube Healthcare Channel

Disclaimer

इस लेख में दी गई जानकारी विभिन्न ऑनलाइन एवं ऑफलाइन स्त्रोतों से ली गई है जिनकी सटीकता एवं विश्वसनीयता की गारंटी नहीं है. हमारा उद्देश्य आप तक सूचना पहुँचाना है अतः पाठक इसे महज सूचना के तहत ही लें. इसके अतिरिक्त इसके किसी भी उपयोग की जिम्मेदारी स्वयं उपयोगकर्ता की ही रहेगी.

अगर आलेख में किसी भी तरह की स्वास्थ्य सम्बन्धी सलाह दी गई है तो वह किसी भी तरह से योग्य चिकित्सा राय का विकल्प नहीं है. अधिक जानकारी के लिए हमेशा किसी विशेषज्ञ या अपने चिकित्सक से परामर्श जरूर लें.

आलेख में व्यक्त किए गए विचार लेखक के निजी विचार हैं एवं कोई भी सूचना, तथ्य अथवा व्यक्त किए गए विचार N24.in के नहीं हैं. आलेख में दी गई किसी भी सूचना की सटीकता, संपूर्णता, व्यावहारिकता अथवा सच्चाई के प्रति N24.in उत्तरदायी नहीं है.

0 Comments